NGO का खुलासा - जम्मू से हिन्दुओ के सफाए के लिए NC-कांग्रेस-PDP के मुख्यमंत्रियों ने लगाई थी पूरी ताकत, प्लान के तहत हो रहा था सफाया


कश्मीर के बाद जम्मू अगला टारगेट था, वहां पर सबसे पहले हिन्दुओ को अल्पसंख्यक करना था, जिसके लिए मजहबी समुदाय के लोग अधिक बच्चे तो पैदा कर ही रहे थे पर साथ ही साथ जम्मू कश्मीर की पीडीपी, नेशनल कांफ्रेंस और कांग्रेस के मुख्यमंत्रियों ने भी पूरी ताकत लगाई थी

इक्क्जुट जम्मू नाम के NGO ने खुलासा किया है की फारुख अब्दुल्ला, महबूबा मुफ़्ती और गुलाम नबी आजाद जब मुख्यमंत्री थे तब उनकी सरकारें जम्मू इलाके में मुस्लिम आबादी को बसाने का काम कर रही थी, सरकारें मुसलमानों को जमीने आवंटित कर रही थी और सरकार ने जम्मू में हिन्दुओ को अल्पसंख्यक बनाने के लिए मुसलमानों को बड़े पैमाने पर बसाया

अधिवक्ता अंकुर शर्मा ने खुलासा करते हुए बताया की महबूबा मुफ़्ती, गुलाम नबी आजाद और फारुख अब्दुल्ला की सरकारों ने जम्मू की डेमोग्राफी को बदलने के लिए प्लान के तहत काम किया

प्लान के तहत तीनो मुख्यमंत्रियों ने अपने सरकार के दौरान मुसलमानों, वक्फ बोर्ड, मस्जिदों, मदरसों को बड़े पैमाने पर जम्मू इलाके में जमीने दी और मुसलमानों की संख्या को बसाने का काम किया

अंकुर शर्मा ने बताया की 1990 तक जम्मू में सिर्फ 3 मस्जिदें थी जो की अब सैंकड़ो की संख्या में है, इन मस्जिदों के लिए पीडीपी, नेशनल कांफ्रेंस और कांग्रेस के मुख्यमंत्रियों ने सरकारी जमीनों को आवंटित किया, साथ ही साथ सरकार ने मस्जिदें बनाने के लिए फंडिंग भी की और बड़े पैमाने पर मुस्लिम आबादी को बसाया 

ये सबकुछ एक प्लान के तहत किया जा रहा था और ये प्लान जम्मू इलाके में हिन्दुओ को अल्पसंख्यक बनाने के बाद जम्मू को भी कश्मीर बनाने की थी