भाड़ में जाये मुल्ला, हम तो करेंगे प्यार - सऊदी महिलाओं ने मुल्लाओं के मुह पर मारा तमाचा, टीवी पर प्यार का ऐलान



सऊदी अरब वो स्थान है जहाँ पर मजहबी कट्टरपंथ ने जन्म लिया, मजहबी कट्टरपंथ से पहले सऊदी अरब एक सामान्य जगह थी, पर वहां से ही मजहबी कट्टरपंथ ने दुनिया भर में पैर पसार लिया, सऊदी अरब में शरिया कानून चलता है 

सऊदी में गे और लेस्बियन लोगो को मौत की सजा दी जाती है, उन्हें या तो पत्थरों से मारकर मौत की सजा दी जाती है, या किसी ऊँची जगह से फेंककर या फिर तलवार से गर्दन काटकर 

सऊदी अरब में महिलाओं का जीना नर्क के सामान है, उनके अधिकार लगभग न के बराबर है और मूल रूप से महिलाएं केवल घरों के अन्दर ही रहती है 

पर अब सऊदी अरब की 2 महिलाओं ने एक अरबिक टीवी शो पर आकर प्यार का ऐलान कर मुल्लाओं के मुह पर करारा तमाचा जड़ दिया है 

इन सऊदी महिलाओं का नाम है फाद और नांज, सऊदी अरब में तो इन्हें मौत की सजा मिल जाती इसी कारण ये दोनों ब्रिटन में जाकर बस गयी है, और वहीँ से दोनों ने एक अरबिक टीवी शो पर प्यार का ऐलान किया 

अरबिक चैनल DW पर एक शो आता है जिसका नाम है 'जाफ़र टॉक' इसी शो में दोनों महिलाओं ने प्यार का ऐलान किया और मजहबी कट्टरपंथ की आलोचना की

उन्होंने ये भी बताया की मजहबी कट्टरपंथ की वजह से ही उन्हें सऊदी अरब से ब्रिटेन में आना पड़ा है, क्यूंकि सऊदी में उन्हें मौत की सजा दी जाती 

दोनों ने ये भी बताया की सऊदी के अन्दर बहुत सारे लोग इन मुल्लाओं से परेशान है, दोनों ने ये भी बताया की बहुत सारे मुल्ला स्वयं गे है और आपस में समलैंगिक सम्बन्ध बनाते रहते है, और उसे अलग अलग तरीको से जायज भी ठहराते रहते है

दोनों ने बताया की वो सऊदी अरब मजहबी कट्टरपंथ के ख़त्म होने से पहले नहीं आ सकते साथ ही दोनों ने और सऊदी लोगो से भी अपील करी की वो भी मजहबी कट्टरपंथ के खिलाफ अपनी जबान खोलें