अस्पताल में मुस्लिम महिला की हुई मौत, उसके बाद डाक्टरों, नर्सों ने देखा क्या होती है मोब लिंचिंग


असल में मोब लिंचिंग क्या होती है ये एक अस्पताल के डाक्टरों, नर्सों और अन्य मरीजों ने देखा जब एक मुस्लिम महिला जिसका नाम शायरा बानो था उसकी मौत हो गयी 

ये घटना न ही टीवी में आई और न ही खुद को मसीहा पत्रकार कहने वालो ने इसपर कुछ बोला, ये घटना लखनऊ की है, लखनऊ के सबसे प्रसिद्द उपचार केन्द्रों में से एक केजीएमयू जो की मुस्लिम बहुल इलाके के बगल में है 

यहाँ लारी कार्डियोलॉजी में शायरा बानो नाम की एक मुस्लिम महिला को उसके परिजन लेकर आये, डाक्टरों ने पूरी कोशिश की पर जान की गारंटी डाक्टर तो नहीं दे सकते, शायरा बानो की स्तिथि बहुत ख़राब थी और उसने दम तोड़ दिया 

शायरा के मरने के बाद मजहबी उन्मादियों ने पूरी एक गैंग बना ली और अस्पताल में जो तांडव किया उस से वहां मौजूद डाक्टर, नर्स और अन्य मरीज इतना सहम गए की अपनी जिंदगी को उन्होंने खतरे में देख लिया 

बाहर से भी लोगो को बुलाया गया और पूरी मजहबी भीड़ बनाई गयी उसके बाद डाक्टरों को दौड़ा दौड़ा कर मारा गया, मजहबी भीड़ मजहबी नारे भी लगा रही थी और उसे इस बात की परवाह भी नहीं थी की अस्पताल में और भी कई सारे मरीज है जो गंभीर स्तिथि में है 

मजहबी भीड़ सिर्फ आतंक और दहशत मचाने की फिराक में थी, इतना उन्माद मचाया गया की तीन थालो की पुलिस को इसे काबू में करने के लिए बुलाना पड़ा, पर जबतक पुलिस यहाँ तबतक आतंक का राज यहाँ कायम ही रहा 

डाक्टरों ने बचाया की कई जगहों पर छिपकर उन्होंने जान बचाई, कई डाक्टरों ने खुद को बाथरूम में भी बंद कर लिया, हमलावरों की संख्या 50 से ज्यादा की थी