बड़ा खुलासा : अपने परिवार के कारण किया था रोहित वेमुला ने सुसाइड, परिवार से था परेशान


कांग्रेस, वामपंथियों और मीडिया की चाल है देश को धार्मिक खेमे में बाटो और उस राजनीति करो। वामपंथ की सोच हमेशा से विकाश विरोधी रहा है। 

रोहित वेमुला सुसाइड केस में खूब हो हल्ला करता रहा है विपक्ष और वामपंथी। गौरतलब हो की रोहित वेमुला ने हैदराबाद यूनिवर्सिटी में सुसाइड किया था। जिसके बाद राजनितिक धुरंधरों ने खूब राजनितिक रोटियां सेकि और अपना राजनितिक सफर चमकाया।

रोहित वेमुला सुसाइड पर जांच कमीशन ने अपनी रिपोर्ट सार्वजनिक कर दी है। केंद्रीय मानव संसाधन मंत्रालय की ओर से गठित हुए कमीशन ने रिपोर्ट में बताया कि रोहित अपनी घर की परेशानियों से घिरा रहता था और वो इन हालातों से नाखुश था। 

रोहित के सुसाइड नोट ने भी इस बात की पुष्टि की है कि वो पारिवारिक समस्याओं की वजह से हताश था। सार्वजनिक हुए रिपोर्ट में लिखा है की अगर रोहित यूनिवर्सिटी के फैसले से नाराज होते तो वो जरूर इसके बारे में लिखकर इशारा देते। रोहित वेमुला ने सुसाइडल नोट में लिखा था की वो बचपन से अकेला था, जिससे भी उसे निराशा होती थी। उसने लिखा था कि उसके इस कदम के लिए कोई जिम्मेदार नहीं है।

जांच कमीशन द्वारा सौपे रिपोर्ट से साफ़ जाहिर है की वेमुला अपने व्यक्तिगत पारिवारिक दिक्कतों से परेशान था। रिपोर्ट ने इस बात की पुष्टि की है कि रोहित ने यूनिवर्सिटी की ओर से लिए जाने वाले एक्शन के चलते सुसाइड नहीं की थी, बल्कि ऐसा उसने स्वेच्छा से किया था। 

कमीशन का कहना है कि इस कदम के पीछे निजी कारण जिम्मेदार थे। इस सार्वजनिक हुए सच से विपक्ष और वामपंथ खेमे में बौखलाहट का साफ़ अंदाजा लगाया जा सकता है, क्यूंकि राहुल गाँधी से लेकर केजरीवाल जैसे लोग हैदराबाद गए थे 

रोहित वेमुला जो दलित था भी नहीं उसे जबरन दलित बताकर खूब राजनीती की थी और कहा था की मोदी सरकार ने एक दलित को मार डाला 
पर जांच में ये सामने आ गया की न रोहित वेमुला दलित था और न ही उसने यूनिवर्सिटी के कारण सुसाइड किया था