पैसा लेकर हलाला का व्यापार चला रहे मौलवी, 20 हज़ार से डेढ़ लाख तक लेते है रुपए !


देश में पिछले दिनों तीन तलाक के मुद्दे को लेकर छिड़ी बहस पर अब तक का सबसे बड़ा खुलासा हुआ है। देश के कुछ मौलवी चंद रुपयों के लिए महिलाओं की इज्जत तार-तार कर रहे हैं। मीडिया ग्रुप इंडिया टुडे ने एक स्टिंग किया है जिसमें तलाकशुदा मुस्लिम महिलाओं की मजबूरी का फायदा उठाते हुए उनके साथ एक रात गुजारने के लिए सौदा किया जा रहा है।

दरअसल, ये मौलवी निकाह हलाला की विवादित प्रक्रिया का हिस्सा बनने के लिए 20,000 से लेकर डेढ़ लाख रुपये तक की रकम भी लेते हैं। निकाह हलाला के मुताबिक अगर किसी मुस्लिम महिला का तलाक हो चुका है और वह अपने पति से दोबारा निकाह करना चाहती है, तो उसे पहले किसी और शख्स से शादी कर एक रात गुजारनी होती है, फिर उस दूसरे शख्स से तलाक लेना होता है। ऐसा होने के बाद ही वो अपने पहले पति के साथ दोबारा शादी करने के बाद रह सकती है। पर्सनल लॉ में इसी तरह का प्रावधान है।

गाजियाबाद में इंडिया टुडे के अंडर कवर रिपोटर्स ने सबसे महले मोहम्मद नदीम से मुलाकात की। नदीम मुरादाबाद से सटे लालबाग में मदीना मस्जिद में इमाम है। जांच से ये तथ्य सामने आया कि नदीम पहले से शादीशुदा है। नदीम से एक काल्पनिक तलाकशुदा मुस्लिम महिला के रिश्तेदार बनकर अंडर कवर रिपोर्टर्स ने बात की। नदीम ने इस महिला के लिए ‘एक रात का शौहर’ बनने के लिए रजामंदी दिखाई। रिपोर्टर ने जब नदीम से पूछा कि क्या आपकी पत्नी ऐतराज नहीं जताएगी, तो इस पर जवाब मिला कि नहीं उसे कोई ऐतराज नहीं होगा।

 रिपोर्टर ने फिर सवाल किया कि क्या आपने अपनी पत्नी से इस बारे में बात की है. इस पर नदीम ने कहा, ‘नहीं, मैंने उससे बात नहीं की है, मैंने उसे नहीं बताया है. उसे बताने की जरूरत ही क्या है।’लालबाग की मदीना मस्जिद के इमाम नदीम ने कबूल किया कि वो पहले भी कई निकाह हलाला शादियों को अंजाम दे चुका है। इस बार उसने अपनी पूरी ‘सर्विस’ के लिए पैकेज डील का हवाला दिया जिसमें सेक्स करना भी शामिल था। इसके एवज में नदीम ने एक लाख रुपए की मांग की। साथ ही गारंटी भी दी कि वो महिला के साथ एक रात गुजारने के बाद उसे तलाक दे देगा जिससे कि वो पर्सनल लॉ के मुताबिक पहले पति के साथ दोबारा निकाह करने के लिए काबिल हो जाए।

इसी तरह दिल्ली के जामिया नगर में मौलान जुबेर कासमी ने भी पैसे के बदले निकाह हलाला के लिए तीसरी बार शादी के लिए तैयार होने में जरा देर नहीं लगाई। जुबेर ने शेखी बधारते हुए कहा, ‘मैं कई रात बाहर रहता हूं। दो (पत्नियों) के साथ मैनेज करना बहुत आसान हो जाता है. पहली को लगता है कि मैं दूसरी पत्नी के साथ हूं। वहीं दूसरी पत्नी को लगता है कि मैं पहली के साथ हूं। दो पत्नियों के साथ ये ज्यादा मुश्किल नहीं है।’

दिल्ली के दारूल उलूम महमूदिया मदरसा से जुड़े मोहम्मद मुस्तकीम भी निकाह हलाला के लिए तलाकशुदा महिलाओं के साथ एक रात गुजारने को तैयार दिखा। मुस्तकीम ने दावा किया कि ये काम वो पहले भी कई बार कर चुका है। मुस्तकीम ने माना, ‘कमरे में एक महिला थी, मैं वहां गया और सेक्स किया. तडके 2-3 बजे रवाना होने से पहले मैंने उसे तलाक दे दिया।’समाज का यह घिनौना चेहरा मुस्लिम महिलाओं की मजबूरियों का फायदा उठा रहा है।