अच्छे संकेत : देश सुधर रहा है, पर अभी बहुत मेहनत की जरुरत है, कृपया शेयर करें



ये ट्रेंड बन चूका था 
त्यौहार भारत में आते थे, और असल में जश्न चीन में मनाया जाता था, दीपावली हो, होली हो, रक्षाबंधन हो 
इन त्योहारों पर चीन अरबों रुपए भारत से ले जाता था 

अब अच्छे संकेत ये है की देश के बाज़ारों में थोड़ी देशभक्ति आ रही है 
रक्षाबंधन आने वाला है, और बाजार में चीनी माल भरा पड़ा है, पर अब भारतीय माल ने भी कई  बाज़ारों में जगह बना ली है, बहुत जगहों पर व्यापारियों ने भी चीनी माल का बहिष्कार किया है 

कई बाज़ारों से चीनी राखियां गायब है, व्यापारी उनको नहीं बेचना चाहते 
वहीँ ग्राहक भी थोड़े जागरूक हुए है, पर यकीन मानिये ये बस कुछ ही बाज़ारों में है, अभी देश के लोगों को बहुत मेहनत करने की जरुरत है 

व्यापारियों में देशभक्ति और ग्राहकों में जागरूकता लाने की जरुरत है 
और इस नेक कार्य में आप को भी सहयोग देना ही होगा, देश सबका है तो सबको मिलकर बनाना है, खैर 

आपको हम बड़ी जानकारी देते है 
चीन हर साल भारत में 100 ख़रब रुपए का माल बेचता है, जैसे मोबाइल, राखी, मिठाई, इलेक्ट्रॉनिक उपकरण इत्यादि, अगर हम सिर्फ 6 महीने कोई भी चीनी माल न खरीदें, तो चीन को कम से कम 20-30 ख़रब रुपए का नुक्सान होगा, और पाकिस्तान कंगाल हो जायेगा 

अब आप सोचेंगे की चीन को 20-30 ख़रब का नुक्सान होगा तो पाकिस्तान कैसे कंगाल होगा 
अरे भैया, चीन ही एकमात्र देश है जो पाकिस्तान को भर भर कर पैसा देता है, इसलिए नहीं की चीन पाकिस्तान का दोस्त है, बल्कि इसलिए क्यूंकि चीन भारत के खिलाफ पाकिस्तान को खड़ा करता है 

चीन भारत से पैसा कमाता है और वही पैसा पाकिस्तान में ट्रांसफर कर देता है 
अगर चीन की आर्थिक नुक्सान हुआ तो चीन तो अमीर है उसपर जल्दी असर नहीं दिखेगा, पर सिर्फ 6 महीनो में पाकिस्तान कंगाल हो जायेगा, वहां गृह युद्ध की स्तिथि बन जाएगी 

भारतीयों के हाथों में बहुत कुछ है, बस थोड़ी जागरूकता  की जरुरत है